-तत्कालीन राज परिवार के भांजे बसंत बिक्रम शाह की पत्नी हैं डूंगरपुर रियासत के महाराजा प्रद्युम्न सिंह की बेटी शशि प्रभा
– मथुरा में रह रहे उनके भाई कुंवर नरेंद्र सिंह ने बुधवार सुबह शशि प्रभा से की थी फोन पर बात
-नेपाल में हालात बने हुए हैं बेकाबू, चहुंओर अराजकता का माहौल
राजेश मिश्रा, आगरा: नेपाल में जेन-जी के हिंसक प्रदर्शन से उथल पुथल मची है। राजनीतिक संकट गहरा गया है। पीएम केपी शर्मा ओली इस्तीफा दे चुके हैं। मंगलवार शाम के बाद सेना ने हालात संभालने के लिहाज से देश भर में कर्फ्यू का ऐलान कर दिया था। ये कर्फ्यू गुरुवार सुबह तक का बताया गया था। एयरपोर्ट बंद कर दिया गया था। राजस्थान के डूंगरपुर/ उप्र के अवागढ़ राजघराने के कुंवर नरेंद्र सिंह ने बताया कि काठमांडू में उनकी बड़ी बहन शशि प्रभा शाह रहती हैं। वे तत्कालीन राजघराने में ब्याही हैं। बहन ने बुधवार सुबह फोन पर बताया कि वहां के हालात बहुत संकटग्रस्त हैं। एयरपोर्ट बंद है। भारत कैसे आऊं?? हालांकि, बुधवार शाम से स्थिति थोड़ी नियंत्रित होने का दावा किया जा रहा है।
मथुरा के डैंपियर नगर में निवास कर रहे कुंवर नरेंद्र सिंह ने बताया कि हम चार भाई और दो बहनें हैं। सबसे बड़ी बहन रानी रवि प्रभा सिंह पत्नी राजा हितेन्द्र देव सिंह (पूंछ रियासत) जम्मू-कश्मीर हैं। सबसे बड़े भाई अनिरुद्ध सिंह, मानवेन्द्र सिंह, (स्व)इंद्रजीत सिंह, बहन शशि प्रभा और सबसे छोटे वे स्वयं हैं। शशि प्रभा शाह का विवाह बसंत बिक्रम शाह जो तत्कालीन राज परिवार के भांजे थे, के साथ हुआ था। बसंत बिक्रम शाह का निधन हो चुका है। रानी रत्ना कुमारी शाह, वह जीवित हैं और उनकी आयु 97 वर्ष है। मेरी सगी मौसी रानी लक्ष्मी कुमारी का विवाह शार्दूल शमशेर जंग बहादुर राणा लाल दरबार( नेपाली राजदूत) और (कम्युनिकेशन सचिव नेपाल सरकार)से हुआ। ममेरी बहन रोहिणी राणा के पति गौरव शमशेर राणा ( पूर्व सेना अध्यक्ष, नेपाल आर्मी) बब्बर महल हैं।
कुंवर नरेंद्र सिंह ने बताया कि हिंसक प्रदर्शन से बहन बहुत चिंतित थीं। जब से नेपाल में हालात बिगड़े हैं, लगातार अपनी बहन से बात कर रहे हैं। मंगलवार को स्थितियां बहुत बिगड़ गई थीं। राजनीतिक संकट गहरा गया। नेपाल सेना ने मंगलवार रात 10 बजे से सुरक्षा अभियानों की कमान संभाल ली। ताजा स्थिति जानने के लिए उन्होंने बुधवार सुबह बहन को फोन किया था। कुंवर नरेंद्र सिंह ने भारत आने को कहा तो बहन ने कहा कि एयरपोर्ट बंद है। ऐसे में भारत कैसे आऊं? कुंवर ने बताया कि कुछ दिन पहले ही उनकी धेवती नेपाल गई थी, संयोग से हिंसक प्रदर्शन से पहले ही वो लौट आई थी। बताया कि हम लोग बहन से निरंतर संपर्क में हैं। बुधवार शाम को सूचना मिली थी कि नेपाल का अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा आम नागरिकों के लिए खोल दिया गया है।
कुंवर नरेंद्र सिंह के पिता महाराज प्रद्युम्न सिंह डूंगरपुर रियासत ( राजस्थान) के राजा था और माँ रानी इंदिरा कुमारी पुत्री राव कृष्ण पाल सिंह अवागढ़ रियासत उप्र थीं।
मेरी बात
मैनपुरी के एक छोटे से गांव से आकर आगरा महानगर में एक कदम रखने का प्रयास किया। एक अनजान युवक को अपना ठौर-ठिकाना बनाने की चुनौती थी। दैनिक जागरण जैसे विश्व प्रसिद्ध समाचार समूह ने सेवा करने का सुअवसर प्रदान किया। 9 जुलाई 2025 को दैनिक जागरण समाचार पत्र समूह से सेवानिवृत्त होने तक के पत्रकारिता के सफर के दौरान कई पड़ाव पार किए, कई पायदान चढ़े। समाज के विभिन्न वर्गों की रिपोर्टिंग की। सामाजिक और मानवीय संवेदनाओं से भरे पहलू मेरी पत्रकारिता के प्रमुख आधार रहे। संप्रति में दैनिक भास्कर समूह से जुड़कर अपनी पत्रकारिता के नए दौर में प्रवेश रखा है। अब कुछ अलग करके दिखाने की तमन्ना है। हमारे आसपास ही तमाम ऐसे कार्यकलाप होते हैं जो जनहित और समाजहित में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं, निभा सकते हैं लेकिन स्पष्ट कहूं तो कूपमंडूकता के कारण हम यहां तक पहुंच नहीं पाते, जान नहीं पाते। हम ऐसे ही अदृश्य व्यक्तित्व और कृतत्व को आपके सामने लाने का प्रयास करेंगे।
जय हिंद














